सीएम फड़नवीस का अधिकारियों को अल्टीमेटम

मुंबई
मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस ने बुधवार को वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये जालना और औरंगाबाद में सूखे से निपटने के लिए शुरू उपाययोजना का जायजा लिया। इस दौरान मुख्यमंत्री  फड़नवीस ने स्थानीय अधिकारियों से सूखा से निपटने के लिए सभी उपाययोजनाओं को एक-साथ शुरू करने का आव्हान किया। साथ ही सीएम फड़नवीस ने सूखे से जुड़े काम करने वाले अधिकारियों को 48 घंटे में सूखे से तत्काल निपटने के लिए उपाययोजना शुरू करने का आदेश दिया। सीएम ने जालना और औरंगाबाद के सूखा पीड़ितों के लिए फ्री वाट्सअप  नंबर 887 9734045 शुरू किया। इस नंबर से जिन लोगों को उपाययोजना जैसे टैंकर, जानवरों को चारा, सूखे से जुड़ी और शिकायतें होंगी वे इस नंबर का इस्तेमाल कर सकते हैं।  साथ ही सब्सिडी, फसल बीमा संबंधित मामलों के लिए मुझसे सीधे जुड़ने के लिए इस पर वाट्सअप कर सकते हैं। मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस की अध्यक्षता में हुई बैठक में सूखे से  जुड़े सभी जिला अधिकारी, तहसीलदार विभाग के अधिकारियों के अलावा बड़ी संख्या में दोनों जिलों के सरपंचों ने हिस्सा लिया, जिसमें मुख्यमंत्री ने सभी को टोल फ्री नंबर पर आने  वाले शिकायतों पर तत्काल कार्रवाई करने का निर्देश दिया। अधिकारियों को वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये संवाद साधते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सूखा पीड़ित किसानों को हरसंभव  मदद मिलनी चाहिए। जनता और जानवरों के लिए टैंकर को अगर बढ़ाना पड़े तो बढ़ाइए। उन्होंने गांव के सरपंचों को सूखे से निपटने के लिए अहम जवाबदारी देते हुए काम करने  की बात कही। चारा शिविरों के मामले में उनकी आवश्यकताओं को जल्द हल करने की बात मुख्यमंत्री ने कही।
उन्होंने कहा कि ग्रामीण भागों में शुरू सड़कों के काम से तालाबों पर कोई असर नहीं पड़ेगा। सीएम फड़नवीस ने कहा कि 28 प्रकार के कन्वर्जन काम करने की जरूरत है। साथ ही  ग्राम पंचायतों और सरपंचों को ज्यादा से ज्यादा काम करने का आव्हान मुख्यमंत्री ने किया। उन्होंने कहा कि टैंकरों में जीपीएस प्रणाली लागू है। इसकी जानकारी शुरू किए गए टोल  फ्री नंबर से सभी जनता को दी जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि सूखे के लिए सरकारी धन किसानों को बैंक खाते में सीधे जमा किया जा रहा है। छोटे जानवरों के लिए 65 और बड़े जानवरों को 90 रुपए देना घोषित किया गया है।
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