पारंपरिक खेती को आधुनिक तकनीक से जोड़ने की जरूरत: सीएम ठाकरे

Uddhav Thackeray

मुंबई

मुख्यमंत्री उध्दव ठाकरे ने किसानों के जीवन में अस्थिरता को समाप्त करने के लिए, सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) और जैव प्रौद्योगिकी (बायोटेक्नालजी) का अधिक से अधिक प्रयोग करने की अपील की है। बीज उत्पादन से लेकर मार्केटिंग (विपणन) तक स्पष्ट योजना राज्य के सभी चार कृषि विश्वविद्यालयों को संयुक्त रूप से तैयार करें। इसके साथ उसे निर्धारित समय सीमा के भीतर राज्य सरकार को प्रस्तुत करें। यह योजना सकारात्मक परिणाम देनी वाली हो। सीएम मंगलवार को डॉ. पंजाबराव देशमुख कृषि विद्यापीठ अकोला और महाराष्ट्र कृषि शिक्षा व अनुसंधान परिषद, पुणे द्वारा अकोला में ऑनलाइन आयोजित संयुक्त कृषि अनुसंधान और विकास समिति की 48वीं बैठक 2020 का उद्घाटन करने के बाद संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ठाकरे ने आगे कहा कि पारंपरिक खेती को आधुनिक तकनीक से जोड़ने की जरूरत है। कोरोना वायरस के प्रकोप के कारण कई क्षेत्रों को बंद करना पड़ा, लेकिन खेती ही एकमात्र ऐसा क्षेत्र था जिसे पूरी तरह से खुला था। पूरी दुनिया दो निवाले के लिए भोजन (अनाज) के लिए अथक प्रयास कर रही है। किसान इन दो निवालों को उपलब्ध कराने का काम करता है, इसलिए हम उनके ऋ णी हैं। इसलिए किसानों की समस्याओं को सुलझाना हम सभी का कर्तव्य है। ठाकरे ने कहा कि केंद्रीय कृषि अधिनियम में संशोधन किसानों के हित में होना चाहिए, ऐसी हमारी भूमिका है। इसके लिए केंद्र सरकार राज्यों के विभिन्न क्षेत्रों के गणमान्य लोगों के साथ बैठक बुलाना चाहिए और उनके विचारों को जानना चाहिए। इसमें किसान, कृषि क्षेत्र के विशेषज्ञ, शोधकर्ता और बाजार के विशेषज्ञों के विचारों को भी जानना चाहिए। उन्होंने कहा कि कृषि क्षेत्र में अस्थिरता को समाप्त करते हुए किसानों के जीवन में स्थिरता लाना प्राथमिकता का विषय है। कृषि अनुसंधान को किसानों के खेतों तक विस्तारित करने की आवश्यकता है।

कृषि में सूचना प्रौद्योगिकी के इस्तेमाल को बढ़ाएं: धोत्रे

केंद्रीय राज्य मंत्री संजय धोत्रे ने कृषि में सूचना प्रौद्योगिकी के उपयोग को बढ़ाने की अपील की। उन्होंने कहा कि कृषि क्षेत्र के डेटा संग्रह परिपूर्ण, सटीक और आधिकारिक होने की जरुरत है। हमारे विश्वविद्यालयों ने कई क्षेत्रों में महत्वपूर्ण काम करके दिखाया है।


Labels:

Post a comment

[blogger]

MKRdezign

Contact form

Name

Email *

Message *

Powered by Blogger.
Javascript DisablePlease Enable Javascript To See All Widget