बैंगनी रंग खाएं सेहत बनाएं


बैंगनी रंग के फूड्स ना सिर्फ़ देखने में सुंदर और आकर्षक होते हैं, बल्कि सेहत के लिहाज से भी पावर पैक्ड होते हैं.  यह रंग एन्थोसियानिन नामक ऐंटी-आॅक्सिटेंड्स की वजह से आता है, जो एक तरह का फाइटोन्यूट्रिएंट्स है. इस रंग के खाद्य पदार्थ सेलुलर डैमेज को रोकते हैं, बीमारियों को शरीर तक पहुंचने नहीं देते और ऐंटी-एजिंग एजेंट के रूप में काम करते हैं.

पर्पल कैबेज ब्लैकबेरी 

ब्लैकबेरी कैलोरी में बेहद कम और विटामिन सी से भरपूर होती है, जिसे रोज़ाना आप एक बाउल खा सकते हैं. विटामिन के और मैग्नीशियम से भरी हुई ब्लैकबेरी कॉग्नेटिव हेल्थ और शरीर के बाहरी अंगों की रक्षा करती है.  बैंगन : इसे ब्रिंजल के अलावा एगप्लांट और एबर्जीन नाम से भी जाना जाता है. बैंगन में पोटैशियम, मैग्नीशियम, कैल्शियम, प्रोटीन, आयरन और विटामिन्स की अच्छी मात्रा पाई जाती है. 100 ग्राम बैंगन में लगभग 24 कैलोरी होती है. इसके अलावा यह पाचन क्रिया को दुरुस्त करने के साथ वेट लॉस और ख़ून की कमी से भी राहत दिलाता है.

आलू बुखारा (प्लम)

आलू बुखारा में कैलोरी बेहद कम होती है, लेकिन इसमें विटामिन ए, सी, के और पोटैशियम व फ़ाइबर की पर्याप्त मात्रा पाई जाती है. क़रीब प्रति 15 ग्राम आलू बुखारे में 100 ग्राम फ़ाइबर पाया जाता है. यह हड्डियों को मज़बूती देने के साथ ही  ब्लड में शुगर लेवल और टाइप-2 डायबिटीज़ को कंट्रोल रखने में सहायक होता है. कब्ज़ से परेशान हैं तो सूखे आलू बुखारा का सेवन करें. यह आपकी पाचन क्रिया को ठीक करने में मदद कर सकता है.

पर्पल कैबेज

इस सब्ज़ी को रेड क्रॉट या ब्लू क्रॉट के नाम से भी जाना जाता है. विटामिन्स और फ़्लेवोनॉइड्स से भरपूर यह सब्ज़ी शरीर में इन्फ़्लेमेशन को रोकने के साथ ही गट हेल्थ और ऑर्थराइटिस जैसी समस्याओं से बचाने का काम करती है. इसे सलाद और सूप में इस्तेमाल किया जाता है. इसे कच्चा भी खा सकते हैं.


Post a comment

[blogger]

MKRdezign

Contact form

Name

Email *

Message *

Powered by Blogger.
Javascript DisablePlease Enable Javascript To See All Widget