60 बच्चों के कोरोना से मचा हड़कंप

पटना

कोरोना वायरस का प्रकोप पटना जिले में काफी तेजी से बढ़ता जा रहा है। शनिवार को जांच में 60 बच्चों में बीमारी की पुष्टि हुई है। अधिकांश बच्चे शहरी क्षेत्र के हैं, जिनकी उम्र 14 साल से कम है। शनिवार को डीएम डॉ. चंद्रशेखर सिंह ने कोरोना वायरस पर नियंत्रण के लिए बुलाई गई बैठक में अधिकारियों को ठोस प्रबंध करने का निर्देश दिया। जिन इलाकों में बच्चों में संक्रमण की जानकारी दी गई है, उसमें कंकड़बाग, पत्रकार नगर, कदमकुआं, शास्त्री नगर, गर्दनीबाग, फुलवारीशरीफ और बोरिंग रोड शामिल है। इन इलाकों पर जिला प्रशासन ने स्वास्थ्य अधिकारियों को विशेष नजर रखने को कहा है तथा नगर निगम को निर्देश दिया है कि सेनेटाइजेशन का काम शुरू कर दें।

उन्होंने कहा कि बीमारी का प्रकोप जिन इलाकों में अधिक है वहां संबंधित एसडीओ माइक्रो कंटेनमेंट जोन या कंटेनमेंट जोन बनाएं। यह काम रविवार से शुरू हो जाना चाहिए। जिन इलाके में मरीज अधिक है, वहां बैरिकेडिंग कराएं। ऐसे इलाकों पर विशेष निगरानी रखें।

शनिवार को एयरपोर्ट पर 190 व्यक्तियों की जांच की गई, जिसमें एक व्यक्ति पॉजिटिव मिला, बस स्टैंड पाटलिपुत्र में 167 व्यक्ति का टेस्ट किया गया, जिसमें एक भी व्यक्ति पॉजिटिव नहीं पाए गए। मीठापुर बस स्टैंड में 98 व्यक्ति का टेस्ट किया गया, जिसमें एक भी व्यक्ति पॉजिटिव नहीं पाया गया। डीएम ने मीठापुर बस स्टैंड, पटना रेलवे स्टेशन, दानापुर स्टेशन तथा राजेंद्र नगर स्टेशन में कोरोना जांच में प्रगति लाने तथा प्रतिदिन न्यूनतम 300 व्यक्तियों का टेस्ट करने का निर्देश दिया।

रोज 15 हजार का हो रहा टीकाकरण

बैठक में पाया गया कि पटना जिला अंतर्गत टीकाकरण में तीन गुना की वृद्धि हुई है। पूर्व में पांच हजार प्रतिदिन औसत की दर से संचालित टीकाकरण अब 15 हजार प्रतिदिन औसत की दर पर पहुंच गया है। बैठक में अवगत कराया गया कि अभी सभी सेशन साइट पर सभी दिन वैक्सीनेशन होगा।

डीएम ने अनुमंडल वार वैक्सीनेशन की स्थिति की समीक्षा करते हुए कहा कि पंचायतवार टीम गठित कर प्रतिदिन के लिए लक्ष्य निर्धारित कर मॉनिटरिंग करें। पटना सदर, दुल्हिन बाजार, पालीगंज, दानापुर व संपतचक प्रखंड को जरूरत के अनुसार केंद्र की संख्या अथवा टीम की संख्या बढ़ाने का निर्देश दिया ताकि टीकाकरण में इजाफा हो सके। उन्होंने डीडीसी को प्रखंडवार रिपोर्ट तैयार करने का निर्देश दिया।

शहरी क्षेत्र में अधिक टेस्टिंग पर बल

कोविड जांच की समीक्षा में पाया गया कि शहरी क्षेत्र में टेस्टिंग कार्य में प्रगति की जरूरत है। डीएम ने शहरी क्षेत्र के पीएचसी के नोडल पदाधिकारी, नोडल चिकित्सा पदाधिकारी तथा नगर निगम के कार्यपालक पदाधिकारी को रविवार को बैठक करने तथा कार्ययोजना तय कर प्रत्येक पीएचसी पर टेस्टिंग में गति लाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि शहरी पीएचसी के अंतर्गत ज्यादा संक्रमण वाले क्षेत्र को चिह्नित करें तथा रोस्टर बनाकर उस क्षेत्र विशेष में कैंप लगाकर सैंपल कलेक्शन एवं टेस्टिंग अभियान को गति प्रदान करें।

कंटेनमेंट जोन बनाएं एसडीओ

डीएम ने कहा कि जैसे ही पॉजिटिव मामले आते हैं, तो माइक्रो या कंटेनमेंट जोन बनाएं। साथ ही वहां स्टीकर चिपकाने स्क्रीनिंग, सैंपलिंग एवं टेस्टिंग का निर्देश दिया। समीक्षा में पाया गया कि बाढ़ अनुमंडल अंतर्गत ढेलवा, गोसाई चक, दया चक एवं काजीचक में संक्रमण की स्थिति बढ़ी है। टोला में सौ फीसदी टेस्टिंग सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। 

शत प्रतिशत शिक्षकों को वैक्सीन लगाएं

जिला अंतर्गत कुल 16000 शिक्षक हैं जिसमें से 7000 शिक्षक 45 वर्ष अथवा 45 वर्ष से अधिक उम्र के हैं। डीएम ने डीईओ को प्रतिदिन मॉनिटरिंग कर 45 वर्ष से अधिक उम्र के शत प्रतिशत शिक्षकों का टीकाकरण सुनिश्चित कराने को कहा। अभी 66 जगहों पर निशुल्क टेस्टिंग जारी है।

Labels:

Post a comment

[blogger]

MKRdezign

Contact form

Name

Email *

Message *

Powered by Blogger.
Javascript DisablePlease Enable Javascript To See All Widget