कोविड-19: 700 ऑक्सीजन कंसेंटरेटर की व्यवस्था


मुंबई

कोविड-19 के मामलों में वृद्धि से स्वास्थ्य सेवा प्रणाली पर बोझ बढ़ गया है। ऑक्सीजन की मांग में अचानक वृद्धि और हमारे ग्रामीण स्वास्थ्य देखभाल पारिस्थितिकी तंत्र से आ रही मांग को ध्यान में रखते हुए 'सेव द चिल्ड्रन' सामाजिक संगठन ने 700 ऑक्सीजन कंसेंटरेटर खरीदे हैं, जिन्हें 11 राज्यों में सार्वजनिक स्वास्थ्य केंद्रों पर वितरित किया जा रहा है। संस्था द्वारा हाल ही में राजस्थान के टोंक में स्पेशल न्यूबोर्न केयर यूनिट में नवजात शिशु की जान बचाने के लिए 5 लीटर का ऑक्सीजन कंसेंटरेटर उपलब्ध कराया गया। 2020 में महामारी की शुरुआत के बाद से भारत ने वंचित और कमजोर तबके के बच्चों और उनके परिवारों को महत्वपूर्ण देखभाल और सेवाएं प्रदान की हैं और 5.57 लाख से अधिक लोगों के जीवन को प्रभावित किया है। 2021 में दूसरी लहर के शुरुआती दिनों के बाद से संगठन ने 12 राज्यों और दो केंद्र शासित प्रदेशों के 57 जिलों में अपनी पहल लागू करने का सोचा, जिसका लक्ष्य भारत के उन अंदरूनी हिस्सों तक पहुंचना है जहां स्वास्थ्य प्रणाली कमजोर और खराब है। यह ऑक्सीजन सहायता, चिकित्सा सहायता, कोविड-19 देखभाल किट, स्वच्छता किट, घर पर देखभाल और टेली-परामर्श प्रदान कर रहा है। चिकित्सा आपात स्थिति को संबोधित करने पर ही उसका काम खत्म नहीं होता। महामारी ने लाखों लोगों की आजीविका को प्रभावित किया है। देशभर के बच्चे अभूतपूर्व नुकसान और दुःख, प्रवास और शिक्षा में व्यवधान के कारण हुए आघात से जूझ रहे हैं। किसी भी संकट का एक सामान्य परिणाम होता है बाल संरक्षण मामलों में बढ़ोतरी और इनसे निपटने के लिए संगठन बच्चों की देखभाल और सुरक्षा के लिए संबंधित सरकारी अधिकारियों और वैधानिक संरचनाओं जैसे कि चाइल्डलाइन 1098, बाल अधिकारों के राष्ट्रीय / राज्य संरक्षण आयोग से जुड़ रहा है और केस उनके पास भेज रहा है। 


Labels:

Post a Comment

[blogger]

MKRdezign

Contact Form

Name

Email *

Message *

Powered by Blogger.
Javascript DisablePlease Enable Javascript To See All Widget