रेथियोन ने भारत को भेजी जीवन-रक्षक मशीनें


नई दिल्ली

रेथियोन टेक्नोलॉजीज कॉरपोरेशन, जिसने भारत में लगभग 5000 लोगों को रोजगार दिया है, मुख्यरूप से प्रैट एंड व्हिटनी एवं कॉलिन्स एयरोस्पेस के माध्यम से, कोविड-19 की चुनौतीपूर्ण दूसरी लहर के बीच देश की मदद करने और अपने सहयोगियों एवं उनके परिवार व समाज के स्वास्थ्य की सुरक्षा करने का प्रयास कर रही है।  कंपनी ने यूएस-भारत रणनीतिक भागीदारी फोरम (USISPF) और पूरे देश में सरकार के साथ सक्रियता से काम करने वाले संगठनों के माध्यम से 1,000 ऑक्सीजन कंसनट्रेटर का दान किया है, जो भारत पहुंचना शुरू हो गए हैं। इन जीवन-रक्षक उपकरणों का वितरण वहां किया जाएगा, जहां इनकी सबसे ज्यादा जरूरत है। आरटीएक्स भारत को इस महामारी से उबरने में मदद के लिए प्रभावित समुदायों को समर्थन और भागीदारी के नए रास्ते निरंतर खोजती रहेगी। पैम एरिक्सन, चीफ कम्युनिकेशंस ऑफिसर, रेथियोन टेक्नोलॉजीज ने कहा कि दुनिया के कई हिस्सों में रिकवरी के संकेत दिखाई दे रहे हैं, लेकिन भारत में हमारे साथी अभी भी महामारी के मुश्किल दौर का सामना कर रहे हैं। हमारे लिए यह समय उनकी मदद करने का है। अष्मिता सेठी, प्रेसिडेंट एंड कंट्री हेड, प्रैट एंड व्हिटनी ने कहा कि हमें भारत में कोविड-19 संक्रमण की दूसरी लहर को रोकने के लिए वैश्विक मदद की आवश्यकता है। एयरोस्पेस इंडस्ट्री हमारे सैन्य और एयरलाइन उपभोक्ताओं के साथ वैक्सीन, ऑक्सीजन और दवाओं के तात्कालिक परिवहन में अग्रणी भूमिका निभा रहा है। उन्होंने आगे कहा कि हमें उनके इन प्रयासों को समर्थन देने और इस संकट के समय में मदद करने पर गर्व है।


Labels:

Post a Comment

[blogger]

MKRdezign

Contact Form

Name

Email *

Message *

Powered by Blogger.
Javascript DisablePlease Enable Javascript To See All Widget